श्रमिकों/कामगारों, शहरी गरीबों के लिए अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम सम्बन्धी कार्यों में लाएं तेजी : मुख्यमंत्री

श्रमिकों/कामगारों, शहरी गरीबों के लिए अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम सम्बन्धी कार्यों में लाएं तेजी : मुख्यमंत्री

Fast forward to affordable rental housing complex scheme for urban poor workers : Chief Minister

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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने श्रमिकों/कामगारों, शहरी गरीबों के लिए अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम के कार्यों में तेजी लाए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि स्कीम की सुविधा निर्धन छात्रों, पटरी दुकानदारों सहित औद्योगिक सेवा क्षेत्र एवं अन्य संस्थाओं में कार्यरत शहरी गरीबों को भी उपलब्ध करायी जाए। किफायती किराए पर आवास से बड़ी संख्या में श्रमिक/कामगार व शहरी गरीब लाभान्वित होंगे। वे आज यहां अपने सरकारी आवास पर भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम के तहत आवास एवं शहरी नियोजन तथा नगर विकास विभाग के प्रस्तुतीकरण के अवसर पर अधिकारियों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था में श्रमिकों/कामगारों व शहरी निर्धन लोगों की महत्वपूर्ण भूमिका है। अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम से मलिन बस्तियों तथा अनियोजित अवैध कालोनियों की समस्या का समाधान होगा। इसके लिए हाउसिंग काॅम्पलेक्स के लिए भूमि चिन्ह्ति की जाए तथा निर्माण के समय सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।

मुख्यमंत्री जी ने कहा कि COVID-19 वैश्विक महामारी के फलस्वरूप श्रमिक/कामगार पुनः अपने प्रदेश में वापस आए हैं। विगत दिनों में 25 लाख श्रमिक/कामगार प्रदेश में आ चुके हैं। अभी लगभग 05 लाख और श्रमिकों के आने की सम्भावना है, इस प्रकार के 45 लाख श्रमिक/कामगार प्रदेश में पूर्व से ही स्थित हैं। इन्हें दृष्टिगत रखते हुए लगभग 01 करोड़ लोगों के लिए अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स की सुविधा का लाभ दिलाने का प्रयास किया जाए। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि उपयुक्त भवनों के ग्राउण्ड फ्लोर को छोड़कर प्रथम, द्वितीय तथा अन्य तल पर अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स बनाने पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि स्थानीय आवश्यकताओं को देखते हुए अफोर्डेबल रेण्टल हाउसिंग काॅम्पलेक्स स्कीम का प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने स्कीम की व्यावहारिकता को देखते हुए सम्बन्धित योजनाओं पर तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रस्तुतीकरण के बाद आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए संशोधन के सुझाव भी दिए।

प्रस्तुतीकरण के दौरान नगर विकास मंत्री श्री आशुतोष टण्डन, मुख्य सचिव श्री आर0के0 तिवारी, राजस्व परिषद के अध्यक्ष श्री दीपक त्रिवेदी, आर्थिक सलाहकार श्री के0वी0 राजू, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त श्री आलोक टण्डन, अपर मुख्य सचिव वित्त श्री संजीव मित्तल, अपर मुख्य सचिव राज्य श्रीमती रेणुका कुमार, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री श्री एस0पी0 गोयल एवं श्री संजय प्रसाद, प्रमुख सचिव नगर विकास श्री दीपक कुमार, प्रमुख सचिव श्रम श्री सुरेश चन्द्रा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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