Web news portals and media websites will be recognized soon, the government is considering.
आज के इस तकनिकी युग में हर क्षेत्र में क्रांति आयी, जिसमे पत्रकारिता भी शामिल है। पत्रकारों को अपने विचारों व अभिव्यक्ति को व्यक्त करने के लिए एक नया क्रन्तिकारी मंच मिला जिसे आज हम “न्यूज पोर्टल” के नाम से जानते है। दुनिया भर में न्यूज पोर्टल की शुरुआत बड़ी तेजी से हुई न्यूज पोर्टल्स की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए कई पुराने अख़बार व टीवी चैनलों ने भी अपना-अपना वेब पोर्टल चैनल शुरू किया लेकिन जहाँ एक ओर न्यूज पोर्टल से पत्रकारिता में एक नई क्रांति आ रही है वही दूसरी ओर कई बार ये खबर आए दिन चर्चा में रहती है कि न्यूज पोर्टल फर्जी है और न्यूज पोर्टल पर काम करने वाले संवाददाताओं, रिपोर्टर कैमरामैन तथाकथित / फर्जी है और सरकार और पुलिस प्रशासन उनको पत्रकार नहीं मानती।
न्यूज पोर्टल कि बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए भारत सरकार में तत्कालीन पूर्व केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री स्मृति ईरानी ने नई दिल्ली में ET Now की इंडिया इकोनॉमिक कॉन्क्लेव में बोला था कि सरकार मुक्त भाषण के अधिकार का समर्थन करती है, ऐसे समाचार पोर्टलों और मीडिया वेबसाइटों को विनियमित करने के लिए सरकार नियमों को एक फ्रेम में करने के लिए एक समिति का गठन करने का विचार कर सकती है, और तो और उन पत्रकारों को मान्यता मिल भी सकती है, बशर्ते भड़काऊ और नकली समाचार बनाकर उसको प्रचारित न किया गया हो। उन्होंने आगे कहा था कि अभी तक चूंकि ऑनलाइन मीडिया वेबसाइटों और समाचार पोर्टलों को विनियमित करने के लिए सरकार द्वारा कोई आधिकारिक मानदंड या दिशानिर्देश नहीं हैं, इसलिए सरकार द्वारा नियुक्त समिति को डिजिटल प्रसारण और मनोरंजन / इन्फोटेनमेंट साइटों और समाचार / मीडिया एग्रीगेटर्स सहित ऑनलाइन मीडिया / समाचार पोर्टलों के लिए एक नियामक ढांचा तैयार करना चाहिए।
हालांकि इस बयान का मंत्रालय द्वारा अब तक कोई आदेश आधिकारिक तौर पर जारी नहीं किया गया है, लेकिन मंत्रालय के तत्कालीन निदेशक अमित कटोच द्वारा 4 अप्रैल 2018 को हस्ताक्षरित इस प्रकार के आदेश की एक ‘लीक’ कॉपी, इंटरनेट पर उपलब्ध हो गयी थी। ऑनलाइन मीडिया वेबसाइटों और समाचार पोर्टलों को विनियमित के लिए मंत्रालय ने एक 10 सदस्यीय समिति नियुक्त की है जिसमें I & B, कानून, गृह, इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालयों के सचिव और Industrial Policy and Promotion विभाग शामिल हैं। सदस्यों में MyGov के मुख्य कार्यकारी, प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया, न्यूज़ ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन और इंडियन ब्रॉडकास्टर्स फेडरेशन के प्रतिनिधि भी शामिल हैं।