Is there a new face of jihadi war in India by Tablighi Jamaat?
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कोरोना वायरस के चलते देशव्यापी लॉकडाउन के बीच मशहूर निजामुद्दीन मस्जिद में जमात के लिए 11 मार्च से 15 मार्च तक एक धार्मिक सभा (मरकज) का आयोजन किया। इस मरकज में इंडोनेशिया, थाइलैंड, श्रीलंका, किर्गिजस्तान, म्यांमार, बांग्लादेश, मलेशिया, चीन, नेपाल और पाकिस्तान समेत दुनिया कई देशों से लगभग 3500 ने जमातियों हिस्सा लिया था। यहां आए कई लोग उत्तर प्रदेश के देवबंद भी गए थे। ऐसे में तमाम लोगों में कोरोना संक्रमण तेजी से फैलने डर गहरा गया है।
दिल्ली में निजामुद्दीन इलाके के मरकज़ में 13 मार्च से 15 मार्च तक एक धार्मिक सभा में भाग लेने वाले कुछ लोगों में COVID-19 का संक्रमण फैल गया है। दिल्ली के निजामुद्दीन में हुए जिस इज्तेमा में शामिल तब्लीगी जमात के लोग कोरोना के संदिग्ध मिले हैं, उसमें लगभग 157 लोग यूपी के शामिल हैं। इसी बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरे कार्यक्रमों को रद्द करते हुए लखनऊ के वार रूम से पूरे प्रेदश पर नज़र बनाये हुए हैं। जमात में शामिल हुए लोगों में छह की तेलंगाना में हुई मौत के बाद उत्तर प्रदेश भी अलर्ट हो गया है। इन सभी की शिनाख्त हो गई है और सब दिल्ली के विभिन्न अस्पतालों में क्वारंटीन किए गए हैं। एक अधिकारी ने बताया कि सबसे अधिक पश्चिमी यूपी के लोग इस जमात में शामिल थे। इसके अलावा वाराणसी के भी तीन लोगों के बारे में जानकारी मिली है, जो निजामुद्दीन में आयोजित कार्यक्रम में थे। उक्त अधिकारी ने दावा किया कि सूचना मिलने के बाद तत्काल इसकी जांच कराई गई। एसपी क्राइम, अजय शंकर राय के अनुसार इन 18 जिलों में गाजियाबाद, मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, शामली, हापुड़, बिजनौर, बागपत, वाराणसी, भदोही, मथुरा, आगरा, सीतापुर, बाराबंकी, प्रयागराज, बहराइच, गोंडा और बलरामपुर को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
कैसे शुरू हुआ तबलीगी जमात ?
तबलीगी जमात एक सुन्नी मुसलमानों का संगठन है। इसकी शुरुआत भारत में अंग्रेजों के जमाने में ही हो गई थी। हजरत मौलाना इलियास कांधलवी ने 1926-27 में सुन्नी मुसलमानों के संगठन तबलीगी जमात की स्थापना दिल्ली में निजामुद्दीन स्थित मस्जिद से की थी।
दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को दक्षिण दिल्ली के निजामुद्दीन क्षेत्र में स्थित तब्लीगी जमात के प्रबंधन के खिलाफ IPC- 188, 120-B, Epidemic Diseases Act IPC sections 269, 270,271 FIR दर्ज की और इस मामले की जांच क्राइम ब्रांच को साैंप दी है।